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किसानों को पांच रूपए में मिल रहा भरपेट खाना

Kotatimes

Updated 6 years ago

KOTATIMES JULY 10,2020। प्रदेश सरकार की ओर से चलाई जा रही किसान कलेवा योजना किसानों के लिए वरदान साबित हो रही है। ऐशिया की सबसे बड़ी कृषि उपज मंडी भामाशाह मंडी में इन दिनों किसानों को पांच रूपए में भरपेट भोजन मिल रहा है, जिस कारण उन्हें भटकना नहीं पड़ रहा है। कोटा भामाशाह मंडी में  कई महीनों से बंद पड़ी  किसान कलेवा  योजना को चालू करने के लिए  किसान संगठनों के पदाधिकारियों ने  मंडी प्रशासन से  इस कैंटीन को पुनः चालू करने की मांग की थी अ व ब श्रेणी की मण्डियों में किसान ट्रैक्टर व विभिन्न साधनों के जरिए कृषि जिंसे विक्रय के लिए आते है, लेकिन मण्डी यार्ड में आने के बाद उन्हें पूरी प्रक्रिया तक काफी समय लग जाता है। ऐसे में उन्हें कई बार वहां रूकना पड़ता है। ऐसे में किसानों को मण्डी यार्ड में रुककर ही भोजन करना पड़ता है। इसको ध्यान में रखकर संचालित की जा रही किसान कलेवा योजना किसानों के साथ वहां आने वाले मजदूर वर्ग को भी राहत प्रदान कर रही है। किसान कलेवा योजना में किसानों के लिए सस्ता व पौष्टिक भोजन की व्यवस्था का प्रावधान है।  इस संदर्भ में किसान सभा के पूर्व जिलाध्यक्ष मास्टर भजन फजर मोहम्मद किसान नेता कुंदन चीता सुरेश गुर्जर कामरेड दुलीचंद मीणा कमल बागड़ी राजेंद्र सुमन आदि ने कुछ समय पहले मंडी सचिव को ज्ञापन देकर किसान के लिए वधू पुनः चालू करने की मांग की थी

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ये मिल रहा है पांच रूपए की थाली में
किसान कलेवा योजना की थाली का मूल्य 30 रुपए निर्धारित है, लेकिन किसानों से 5 रुपए प्रति थाली लेना तय है, जबकि शेष राशि मण्डी समिति से लेना तय हुआ है। किसान व पल्लदार को तो मात्र पांच रूपए ही देने हैं। थाली में 6 चपाती (200) ग्राम, दाल एक कटौरी (125 ग्राम), सब्जी एक कटौरी (125) ग्राम व गर्मियों में 200 मिलीलीटर छाछ व सर्दियों में 50 ग्राम गुड देने का प्रावधान है।

हजारों की संख्या में किसान व पल्लदार कर रहे भोजन
भामाशाह मंड़ी में आने वाले किसान व हजारों पल्लेदार, मजदूर वर्ग के लोगों को पांच रूपए में पोष्टिक भोजन मिल रहा है। खानपुर से आए किसान बाबू लाल का कहना है कि हम यहां सालों से आ रहे हैं, पहले खाने के लिए भटकना पड़ता था, एक साथ 10 से 15 लोग आते हैं, लेकिन बाहर भोजन करने पर एक समय के भोजन पर 1000 से 1500 रूपए खर्च होते थे, लेकिन अब पांच रूपए में ही संतुष्ट हो जाते हैं। सरकार की किसान कलेवा योजना निर्धन लोगों के लिए संजीवनी है। वहीं बारां से आए किसान राम स्वरूप का कहना है कि किसान कलेवा योजना का भोजन का स्वाद अच्छा है। इस योजना का निरंतर चलते रहना चाहिए। वहीं संचालक का कहना है कि स्वच्छता के साथ पोष्टिकता का पूरा ध्यान रखा जाता है। हजारों लोग प्रतिदिन भोजन करते हैं। उन्होंने कहा कि सरकार की गाइड लाइन के अनुसार ही किसानों को राहत प्रदान की जा रही है, इसके साथ ही आने वाले समय में इस योजना को ओर भी अधिक बेहतर बनाने की योजना है।

 

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